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अभनपुर में तेज रफ्तार हाइवा ने स्कूटी सवार तीन युवकों को रौंदा, एक की मौके पर मौत, दो गंभीर

(सीजी टॉकिज) अभनपुर:- अभनपुर थाना क्षेत्र में सोमवार को तेज रफ्तार हाइवा ने स्कूटी सवार तीन लोगों को अपनी चपेट में ले लिया। हादसे में स्कूटी सवार एक युवक की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि दो अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। तीनों के नाबालिग होने की जानकारी सामने आ रही है।

घटना अभनपुर स्थित शुभम के मार्ट के पास की बताई जा रही है। हादसा इतना भीषण था कि मृतक के पैर के चिथड़े सड़क पर बिखर गए और सड़क खून से सन गई। घटना के बाद मौके पर लोगों की भारी भीड़ जुट गई। लोगों ने घटना की सूचना पुलिस को दी और घायलों को तत्काल इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनका उपचार जारी है। हादसे की सूचना मिलते ही अभनपुर पुलिस मौके पर पहुंची और घटना की जांच शुरू की।

बताया जा रहा है कि हादसे के बाद हाइवा चालक मौके से फरार हो गया। पुलिस ने हाइवा को जब्त कर लिया है और फरार चालक की तलाश के साथ ही मामले में आगे की कार्रवाई की जा रही है।

अभनपुर के सोनेसिली में स्कूल भवन नहीं, जर्जर कमरों में पढ़ने को मजबूर बच्चे; पालकों और ग्रामीणों ने की तालाबंदी, मूकदर्शक बने शिक्षक

(सीजी टॉकिज) अभनपुर :- एक ओर सरकार सरकारी स्कूलों को आधुनिक सुविधाओं से लैस करने और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा देने के दावे कर रही है, वहीं दूसरी ओर रायपुर जिले के अभनपुर विकासखंड अंतर्गत ग्राम पंचायत सोनेसिली की तस्वीर इन दावों पर खोखला साबित कर रही है। गांव में वर्षों बाद भी स्थायी स्कूल भवन का निर्माण नहीं हो सका है। जर्जर भवन और कक्षाओं की भारी कमी के बीच बच्चों को जान जोखिम में डालकर पढ़ाई करनी पड़ रही है।

इसी समस्या से नाराज पालकों, विद्यार्थियों और ग्रामीणों का गुस्सा शुक्रवार को फूट पड़ा। उन्होंने स्कूल के मुख्य द्वार पर ताला जड़कर जोरदार प्रदर्शन किया और ‘‘नया स्कूल भवन दो’’ के नारे लगाए।

बरसात में खतरा, गर्मी में परेशानी

ग्रामीणों का कहना है कि प्राथमिक और पूर्व माध्यमिक विद्यालय एक ही परिसर में दो पालियों में संचालित हो रहे हैं। दोनों भवन बेहद जर्जर हैं और कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है। लगातार बारिश से भवनों की हालत और खराब हो गई है। वर्तमान में विद्यार्थियों की संख्या के मुकाबले पर्याप्त कक्षाएं उपलब्ध नहीं हैं, जिससे बच्चे दो अतिरिक्त कमरों में किसी तरह पढ़ाई करने को मजबूर हैं।

कई बार ज्ञापन, लेकिन नहीं मिली राहत

ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि स्कूल भवन निर्माण की मांग को लेकर कई बार अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों को ज्ञापन सौंपे गए, लेकिन आज तक कोई ठोस पहल नहीं हुई। वर्षों से केवल आश्वासन मिल रहे हैं, जबकि बच्चों की सुरक्षा और शिक्षा दोनों खतरे में हैं।

प्रदर्शन के दौरान शिक्षक स्कूल परिसर के बाहर मूकदर्शक बने रहे। हाथों में तख्तियां लिए ग्रामीणों और विद्यार्थियों ने प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करते हुए कहा कि जब तक नए भवन की दिशा में ठोस कार्रवाई नहीं होती, आंदोलन जारी रहेगा। प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी कि यदि जल्द समाधान नहीं हुआ तो आंदोलन और उग्र किया जाएगा।

ग्रामीणों की दो टूक चेतावनी

ग्रामीणों का कहना है कि बच्चों की जान जोखिम में डालकर पढ़ाई नहीं कराई जा सकती। यदि जल्द नया स्कूल भवन स्वीकृत नहीं हुआ और निर्माण शुरू नहीं किया गया तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा, जिसकी पूरी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी।