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(सीजी टॉकिज) :- राजिम-अभनपुर मार्ग पर मंगलवार देर रात हुए भीषण सड़क हादसे ने पूरे इलाके को दहला दिया। रेत से भरे तेज रफ्तार हाईवा ने बाइक सवार तीन युवकों को कुचल दिया, जिससे तीनों की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई। हादसा इतना भयावह था कि सड़क पर अफरा-तफरी मच गई। घटना रायपुर जिले के अभनपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम गातापार स्थित ठाकुर दुकान के पास की बताई जा रही है।
मृतकों की पहचान डोमन टंडन, अंकित बंजारे और राजा ओगरे के रूप में हुई है। तीनों युवक एक ही बाइक पर सवार होकर कहीं जा रहे थे।
जानकारी के मुताबिक छोटे उरला निवासी डोमन टंडन रायपुर से काम कर मंगलवार रात घर लौटा था। कुछ देर बाद उसने परिवार वालों से दोस्तों और धुमाल पार्टी वालों से मिलने जाने की बात कही और रात करीब 8:30 बजे बाइक से घर से निकला। उसके साथ अंकित बंजारे और राजा ओगरे भी मौजूद थे।
बताया जा रहा है कि जैसे ही तीनों युवक ग्राम गातापार स्थित ठाकुर दुकान के पास पहुंचे, उनकी बाइक अचानक सड़क पर आए मवेशी से टकरा गई। टक्कर के बाद तीनों युवक सड़क पर गिर पड़े। इसी दौरान राजिम की ओर से तेज रफ्तार में आ रहे रेत से भरे हाईवा क्रमांक CG07 CX 8758 ने तीनों को बेरहमी से रौंद दिया।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार टक्कर इतनी भीषण थी कि बाइक के परखच्चे उड़ गए और तीनों युवकों ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। सड़क पर खून बिखर गया और आसपास के लोगों में दहशत फैल गई।

(सीजी टॉकिज) :- नवापारा क्षेत्र में रेत के अवैध कारोबार पर खनिज विभाग ने बड़ा प्रहार करते हुए ताबड़तोड़ कार्रवाई की है। कलेक्टर डॉ. गौरव सिंह के निर्देश पर खनिज विभाग की टीम ने 18 और 19 मई को गोबरा नवापारा क्षेत्र में सघन जांच अभियान चलाया, जिसमें अवैध उत्खनन और बिना अनुमति रेत भंडारण के कई मामलों का खुलासा हुआ।
खनिज विभाग की कार्रवाई से रेत माफियाओं में हड़कंप मच गया। जांच के दौरान ग्राम लखना स्थित रेत खदान में स्वीकृत क्षेत्र के बाहर और पर्यावरणीय नियमों का खुला उल्लंघन करते हुए भारी मशीनों से रेत उत्खनन किया जाना पाया गया। मौके पर दो चेन माउंटेड पोकलेन मशीनें अवैध उत्खनन में लगी मिलीं।
सहायक खनिज अधिकारी, खनि निरीक्षक और विभागीय अमले ने तत्काल कार्रवाई करते हुए दोनों पोकलेन मशीनों को मौके पर ही जब्त कर सीलबंद कर दिया। साथ ही अवैध उत्खनन का कार्य तत्काल बंद करा दिया गया।
उप संचालक खनिज राजेश मालवे ने बताया कि जिले में रेत के अवैध उत्खनन, परिवहन और भंडारण पर लगातार निगरानी रखी जा रही है। अवैध गतिविधियों में शामिल लोगों के खिलाफ नियमों के तहत सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
कार्रवाई के दौरान तहसील गोबरा नवापारा के ग्राम नवागांव, जौंदा, जौंदी और डगनिया में भी अवैध रेत भंडारण के मामले सामने आए। जांच में पाया गया कि महानदी से रेत लाकर कई लोगों द्वारा बिना वैध अनुमति के बड़े पैमाने पर रेत का भंडारण किया गया था।
खनिज विभाग ने अनिल कुमार साहू, गोविंद साहू, ईश्वर पटेल, प्रताप सेन, त्रिलोकी साहू, अजय साहू और मनीष ठाकुर के खिलाफ कार्रवाई करते हुए अवैध रूप से जमा पूरी रेत जब्त कर ली है। साथ ही सभी संबंधित भंडारणकर्ताओं को छत्तीसगढ़ गौण खनिज नियम 2015 के तहत नोटिस जारी कर जवाब मांगा गया है।

(सीजी टॉकिज) :- विधायक रोहित साहू ने मंगलवार को गरियाबंद जिले की सुरक्षा व्यवस्था को नई ताकत देते हुए डायल-112 की 8 आधुनिक पुलिस वाहनों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। राजिम बस स्टैंड में आयोजित कार्यक्रम में जनप्रतिनिधियों और प्रशासनिक अधिकारियों की मौजूदगी के बीच इन हाईटेक वाहनों को जिले के अलग-अलग थाना क्षेत्रों के लिए रवाना किया गया।
कार्यक्रम में पूर्व सांसद चंदू लाल साहू, पूर्व राजिम विधायक संतोष उपाध्याय, राजिम पालिका अध्यक्ष महेश यादव, गरियाबंद कलेक्टर बी.एस. उइके, पुलिस अधीक्षक नीरज चंद्राकर, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक धीरेन्द्र पटेल तथा एसडीओपी निशा सिन्हा सहित कई जनप्रतिनिधि और अधिकारी उपस्थित रहे।
नई डायल-112 गाड़ियों को थाना गरियाबंद, पाण्डुका, राजिम, फिंगेश्वर, छुरा, मैनपुर, अमलीपदर और देवभोग क्षेत्रों में तैनात किया जाएगा। पुलिस विभाग के अनुसार इन वाहनों के जुड़ने से आपातकालीन सेवा “इमरजेंसी रिस्पांस सपोर्ट सिस्टम” पहले से अधिक तेज और प्रभावी होगी।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए विधायक रोहित साहू ने कहा कि आधुनिक डायल-112 वाहनों के शामिल होने से जिले की कानून व्यवस्था और मजबूत होगी। अब किसी भी घटना की सूचना मिलते ही पुलिस कुछ ही मिनटों में मौके पर पहुंच सकेगी। उन्होंने कहा कि जिले के आठ थाना क्षेत्रों में 24 घंटे निगरानी और पुलिस पेट्रोलिंग और अधिक सक्रिय रहेगी।
बताया गया कि सभी वाहन जीपीएस सिस्टम और आधुनिक संचार उपकरणों से लैस हैं। कंट्रोल रूम से सीधे सबसे नजदीकी वाहन को लोकेशन भेजी जाएगी, जिससे पीड़ितों को तत्काल सहायता मिल सकेगी। इससे सड़क दुर्घटना, अपराध, घरेलू हिंसा, आगजनी और अन्य आपात स्थितियों में पुलिस की प्रतिक्रिया समय में बड़ा सुधार आएगा।
कलेक्टर बी.एस. उइके और एसपी नीरज चंद्राकर ने जिलेवासियों से अपील करते हुए कहा कि किसी भी आपात स्थिति में बिना घबराए तुरंत 112 नंबर डायल करें। गरियाबंद पुलिस हर परिस्थिति में जनता की सुरक्षा और सहायता के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।
नई डायल-112 गाड़ियों के सड़क पर उतरते ही जिले में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर लोगों में भरोसा और उत्साह बढ़ गया है। अब शहर से लेकर दूरस्थ ग्रामीण इलाकों तक पुलिस की पहुंच और भी तेज हो जाएगी।

(सीजी टॉकिज) :- छत्तीसगढ़ शासन की मंशानुरूप गरियाबंद जिले के सभी नगरीय निकाय क्षेत्रों में निवासरत गरीब और भूमिहीन परिवारों को उनका हक दिलाने के लिए छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय, उप मुख्यमंत्री अरुण साव एवं राजस्व मंत्री टंकराम वर्मा का आभार व्यक्त करते हुए राजिम विधायक रोहित साहू ने आवश्यक पहल की सराहना की है। शासन की जनहितकारी योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुँचाने के संकल्प के साथ विधायक साहू ने अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए हैं।
उन्होंने दो टूक शब्दों में कहा कि शासन की मंशा बेहद स्पष्ट है कि कोई भी गरीब, श्रमिक और वास्तविक रूप से पात्र परिवार सरकारी योजनाओं के लाभ से वंचित नहीं रहना चाहिए। इस महत्वाकांक्षी योजना को धरातल पर उतारने के लिए सभी नगरीय निकायों में नगर के सभी वार्डों में एक व्यापक और पारदर्शी सर्वे अभियान चलाने का निर्णय लिया गया है, जिसके तहत पात्र परिवारों को नियमानुसार स्थायी पट्टा प्रदान किया जाएगा।
विधायक रोहित साहू ने योजना की तकनीकी बारीकियों की जानकारी देते हुए बताया कि राज्य शासन द्वारा आवासहीन व्यक्ति पट्टा अधिकार अधिनियम 2023 एवं इसके तहत बनाए गए नियमों के अनुसार ही नगरीय क्षेत्रों में निवासरत पात्र परिवारों को स्थायी पट्टा देने की प्रक्रिया आधिकारिक रूप से प्रारंभ की जा रही है। उन्होंने अधिकारियों और मैदानी कर्मचारियों को निर्देशित करते हुए कहा कि सर्वे का कार्य पूरी पारदर्शिता, संवेदनशीलता और गंभीरता के साथ किया जाए ताकि वास्तविक रूप से जरूरतमंद और गरीब परिवारों को इस योजना का सीधा लाभ मिल सके।
विधायक रोहित साहू ने नगर पालिका/नगर पंचायत प्रशासन को स्पष्ट आदेश दिए हैं कि सभी नगरीय निकायों के सभी 15 वार्डों में घर-घर जाकर सर्वे किया जाए और बिना किसी भेदभाव के पात्र हितग्राहियों की एक प्रमाणिक सूची तैयार की जाए। इसके साथ ही उन्होंने आम नागरिकों और वार्ड वासियों से भी एक विशेष अपील की है कि जब सर्वे टीम आपके घर पहुँचे तो उन्हें पूरी और सही जानकारी उपलब्ध कराएं।योजना का लाभ उठाने के लिए निर्धारित समय-सीमा के भीतर अपने आवश्यक आवेदन और दस्तावेज निकाय कार्यालय में प्रस्तुत करें।साथ ही वार्ड पार्षदो को भी पत्र भेजकर सहयोग करने अपील किया गया है।
शासन के नियमानुसार, स्थायी पट्टा केवल उन्हीं हितग्राहियों को आवंटित किया जाएगा जो पात्रता की सभी शर्तों को पूरा करते हों। इसके लिए नगर पालिका क्षेत्र में 600 वर्गफीट तथा अन्य निकाय क्षेत्रों में 800 वर्गफीट शासकीय भूमि पर 20 अगस्त 2017 के पूर्व से निवासरत परिवार इस योजना के लिए पात्र माने जाएंगे।
रोहित साहू ने छत्तीसगढ़ सरकार की प्राथमिकताओं को रेखांकित करते हुए कहा कि हमारी सरकार गरीब, श्रमिक, किसान और हर जरूरतमंद वर्ग के आर्थिक और सामाजिक उत्थान के लिए निरंतर कार्य कर रही है। यह पट्टा वितरण योजना भी इसी दिशा में एक मील का पत्थर साबित होगी।
उन्होंने आगे कहा कि नगर के कई परिवार ऐसे हैं जो पीढ़ियों या वर्षों से शासकीय भूमि पर मकान बनाकर रह रहे हैं। लेकिन वैध दस्तावेज अर्थात पट्टा न होने के कारण उन्हें न तो प्रधानमंत्री आवास मिल पा रहा है न बैंकों से लोन मिल पाता है और न ही वे अन्य सरकारी विकास योजनाओं का लाभ ले पाते हैं। अब शासन उन्हें नियमानुसार पट्टा सौंपकर न सिर्फ उनका मालिकाना हक तय करेगा बल्कि उन्हें समाज की मुख्यधारा से भी जोड़ेगा। विधायक रोहित साहू के इस कड़े रुख और जनहितैषी पहल से नगर के हजारों जरूरतमंद परिवारों में खुशी की लहर है। इस योजना के सफल क्रियान्वयन से असंख्य परिवारों को सिर छिपाने के लिए स्थायी जमीन की सुरक्षा मिलेगी और उनका सामाजिक और आर्थिक जीवन स्तर भी सुदृढ़ होगा।

गरियाबंद में बड़ा बवाल : टाइगर रिजर्व के उपनिदेशक पर हमला, ग्रामीणों ने वन अमले से की धक्का-मुक्की

(सीजी टॉकीज)गरियाबंद: जिले में उस समय बड़ा विवाद खड़ा हो गया, जब टाइगर रिजर्व क्षेत्र में अतिक्रमण हटाने और कार्रवाई करने पहुंची वन विभाग की टीम पर ग्रामीणों की भीड़ ने हमला कर दिया। घटना में टाइगर रिजर्व के उपनिदेशक सहित कई वनकर्मियों के साथ धक्का-मुक्की की गई और कर्मचारियों की वर्दी तक फाड़ दी गई।
मिली जानकारी के अनुसार, वन विभाग की टीम जैतपुरी गांव में करीब 250 एकड़ भूमि पर हुए अतिक्रमण के मामले में कार्रवाई करने पहुंची थी। इस दौरान अतिक्रमणकारियों की गिरफ्तारी के लिए गई टीम ने 4 से 5 लोगों को हिरासत में भी लिया। कार्रवाई के विरोध में बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर पहुंच गए और वन विभाग की टीम को घेर लिया।
बताया जा रहा है कि विवाद इतना बढ़ गया कि ग्रामीणों ने उपनिदेशक के कपड़े तक फाड़ दिए और वन अमले के साथ जमकर धक्का-मुक्की की। घटना में कई कर्मचारियों की वर्दी भी फट गई।
घटना के बाद इलाके में तनाव का माहौल बना हुआ है। टाइगर रिजर्व के उपनिदेशक ने कहा है कि पूरे मामले में जल्द ही एफआईआर दर्ज कराई जाएगी और कानून के तहत कार्रवाई की जाएगी।
वन विभाग की टीम पर हमले की इस घटना के बाद प्रशासन और पुलिस विभाग भी सतर्क हो गया है। इलाके में स्थिति पर नजर रखी जा रही है।

(सीजी टॉकिज) :- रायपुर जिले के आरंग थाना क्षेत्र में दिनदहाड़े युवक पर चाकू से ताबड़तोड़ हमला कर मोबाइल और नकदी लूटने वाले तीन आरोपियों को नवापारा पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी फरार हो गए थे और बाद में गोबरा नवापारा स्थित शराब भट्टी के पास बैठकर शराब पार्टी कर रहे थे। इसी दौरान नवापारा पुलिस की नजर उन पर पड़ी और पूरी वारदात का खुलासा हो गया। पकड़े गए आरोपियों में एक नाबालिग भी शामिल है।
मिली जानकारी के अनुसार ग्राम मोखला चंद्रप्रकाश डहरिया अपने 5 वर्षीय बेटे के साथ 15 मई 2026 की सुबह बाइक से ससुराल ग्राम तूता गया था। दोपहर करीब 3 बजे जब वह वापस लौट रहा था, तभी सोनपैरी भांठा के नहर पार मोखला मार्ग पर बाइक सवार तीन बदमाशों ने उसका रास्ता रोक लिया।
बताया जा रहा है कि तीनों आरोपियों ने चेहरे पर स्कार्फ बांध रखा था। बदमाशों ने पहले युवक को घेरा और फिर पीछे बैठे आरोपी ने चाकू निकालकर ताबड़तोड़ वार कर दिया। गंभीर रूप से घायल युवक सड़क पर गिर पड़ा। इसके बाद आरोपी 2 हजार रुपए नकद और मोबाइल लूटकर फरार हो गए।

घटना की सूचना मिलने पर परिजन मौके पर पहुंचे और घायल चंद्रप्रकाश को निजी अस्पताल आरंग में भर्ती कराया गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए आरंग पुलिस ने तत्काल टीम गठित कर आरोपियों की तलाश शुरू कर दी।
इधर, थाना गोबरा नवापारा प्रभारी दीपेश जायसवाल के नेतृत्व में संध्या पेट्रोलिंग के दौरान नवापारा शराब भट्टी के आसपास तीन युवक शराब पीते मिले। पुलिस ने जब उनकी तलाशी ली तो उनके पास से संदिग्ध सामान बरामद हुआ। कड़ाई से पूछताछ करने पर तीनों ने आरंग क्षेत्र में लूट और चाकूबाजी की वारदात कबूल कर ली। पुलिस ने आरोपी मुकेश नागरची उर्फ कुमकुम (20) निवासी शीतलापारा नयापारा, कुलेश्वर ध्रुव (22) निवासी भाठापारा पारागांव थाना गोबरा नवापारा तथा एक नाबालिग को हिरासत में लिया।
आरोपियों के कब्जे से वारदात में प्रयुक्त चाकू, मोटरसाइकिल, लूटी गई नकदी और मोबाइल बरामद कर लिया गया है। तीनों आरोपियों को 17 मई 2026 को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें केंद्रीय जेल रायपुर भेज दिया गया। पुलिस मामले की आगे जांच कर रही है।

(सीजी टॉकिज) :- गरियाबंद जिले के प्रसिद्ध जतमई मंदिर मार्ग पर रविवार शाम एक दर्दनाक सड़क हादसा हुआ है। तेज रफ्तार मोटरसाइकिल अनियंत्रित होकर सड़क किनारे बने एक सरकारी भवन से जा टकराई। हादसे में बाइक सवार एक युवक की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि दो अन्य युवक गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना पांडुका क्षेत्र का है।
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक तीनों युवक गायडबरी की ओर से मोटरसाइकिल पर सवार होकर आ रहे थे। बताया जा रहा है कि बाइक काफी तेज रफ्तार में थी। आशंका जताई जा रही है कि चालक मोड़ को समझ नहीं पाया, जिसके चलते बाइक सीधे सरकारी भवन से जा भिड़ी। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि बाइक के बीच में बैठे युवक ने मौके पर ही दम तोड़ दिया।
वहीं बाइक चला रहा युवक और पीछे बैठा युवक गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना शाम करीब 5 बजे की बताई जा रही है। मृतक और घायलों में एक युवक पंक्तियां ग्राम का तथा दो युवक तुमगांव क्षेत्र के बताए जा रहे हैं।

घटना के बाद मौके पर लोगों की भारी भीड़ जुट गई। राहगीरों और स्थानीय लोगों ने तत्काल पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और घायलों को उपचार के लिए छुरा अस्पताल भेजा गया।
स्थानीय लोगों का कहना है कि जतमई मंदिर जाने वाला यह मोड़ लंबे समय से बेहद खतरनाक बना हुआ है। यहां पहले भी कई गंभीर सड़क हादसे हो चुके हैं और कई लोग अपनी जान गंवा चुके हैं। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि सड़क किनारे लगाए जाने वाले बैरिकेड और संकेतक गायब हैं, जिसके कारण वाहन चालकों को मोड़ का अंदाजा नहीं लग पाता। सड़क चौड़ीकरण के बाद वाहन चालक तेज रफ्तार में गुजरते हैं और अचानक आने वाले इस अंधे मोड़ पर हादसे का शिकार हो जाते हैं।
लोगों ने सड़क निर्माण एजेंसी और प्रशासन पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए कहा कि कई बार शिकायत के बावजूद इस खतरनाक मोड़ को सुरक्षित बनाने की दिशा में कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। फिलहाल पुलिस मामले की जांच में जुटी हुई है।

(सीजी टॉकिज) :- रायपुर जिले के अभनपुर में पेट्रोल नहीं मिलने से नाराज युवकों ने कर्मचारियों से मारपीट की। आरोपियों ने पहले गाली-गलौज और धक्का-मुक्की की, फिर कुछ देर बाद साथियों के साथ मिलकर लाठी-डंडों बेरहमी से पिटाई कर दी। शिकायत के बाद पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।
ग्राम ठेलकाबांधा निवासी पीड़ित शिवा यादव ने अभनपुर थाना में शिकायत दर्ज कराते हुए बताया कि 16 मई 2026 की रात करीब 9 बजे वह अपने साथी अजय यदु और योगेश्वर साहू के साथ भारत पेट्रोल पंप में ड्यूटी कर रहा था। उसी दौरान बिजली बंद थी। तभी ठाकुर राम साहू अपने दो साथियों के साथ मोटरसाइकिल में पहुंचे और अलग डिब्बे में पेट्रोल भरने की बात कही।
कर्मचारियों ने बिजली आने के बाद पेट्रोल देने की बात कही, जिससे आरोपी भड़क गए। आरोप है कि उन्होंने अश्लील गालियां देते हुए कर्मचारियों से धक्का-मुक्की की और धमकी देकर वहां से चले गए।
शिकायत के मुताबिक करीब 10 मिनट बाद ठाकुर राम साहू, भोज सेन और पुरुषोत्तम ध्रुव अपने अन्य साथियों के साथ दोबारा पेट्रोल पंप पहुंचे। आते ही उन्होंने कर्मचारियों को गालियां देना शुरू कर दिया और लाठी-डंडों से हमला कर दिया। मारपीट में योगेश्वर साहू के सिर, चेहरे और शरीर में गंभीर चोटें आईं, जबकि अजय कुमार यदु के सीने, सिर और मुंह पर चोट लगी। शिवा यादव को भी मामूली चोटें आई हैं।
घटना की जानकारी पुलिस को दी गई। अभनपुर थाना प्रभारी सत्येंद्र सिंह श्याम ने बताया कि शिकायत के आधार पर आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 115(2), 296, 3(5) और 351(2) के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। साथ ही उनके खिलाफ धारा 151 के तहत प्रतिबंधात्मक कार्रवाई भी की गई है।

(सीजी टॉकिज) :- सरगुजा जिले के मणिपुर थाना क्षेत्र में एक हैवान पति की दरिंदगी सामने आई है, जहां उसने अपनी 3 महीने की गर्भवती पत्नी को बेरहमी हत्या कर दी। आरोपी ने पहले पत्नी के साथ बेदम मारपीट की, फिर उसके प्राइवेट पार्ट में लोहे का हथियार डाल दिया। मामले में पुलिस ने आरोपी पति को गिरफ्तार कर लिया है।
जानकारी के अनुसार आरोपी प्रदीप अगरिया ने दो दिन पहले अपनी पत्नी हीराबाई (23 वर्ष) के साथ मारपीट की थी। घटना के बाद आरोपी पति घायल पत्नी को खुद मेडिकल कॉलेज अस्पताल लेकर पहुंचा और डॉक्टरों को सड़क हादसे की झूठी कहानी सुनाई। वहां उसने डॉक्टरों को बताया कि उसकी पत्नी सड़क हादसे में घायल हुई है, लेकिन डॉक्टरों ने जांच के बाद महिला को मृत घोषित कर दिया। मौत की पुष्टि होते ही आरोपी अस्पताल से फरार हो गया।

डॉक्टरों ने घटना की जानकारी पुलिस को दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में चौंकाने वाले खुलासे हुए। बताया गया कि महिला के शरीर पर 16 से अधिक गंभीर चोटों के निशान मिले। सबसे चौंकाने वाली बात यह रही कि महिला के प्राइवेट पार्ट से करीब 10 इंच लंबी लोहे की रेती (हथियार) बरामद हुई। रिपोर्ट में यह भी खुलासा हुआ कि महिला 3 महीने की गर्भवती थी, जिससे गर्भ में पल रहे मासूम की भी मौत हो गई।
पुलिस जांच में सामने आया कि दोनों ने प्रेम विवाह किया था और उनके चार बच्चे हैं। आरोपी प्रदीप अगरिया शराब के नशे में अक्सर पत्नी के साथ मारपीट करता था। घटना वाले दिन आरोपी ने घर में ही पत्नी के साथ बेरहमी से मारपीट की। घर की जांच में कमरे और दरवाजे के पास खून के निशान मिले। पुलिस को घसीटने के भी सबूत मिले हैं। मृतका की 5 वर्षीय बेटी ने पुलिस को बताया कि पिता ने उनकी आंखों के सामने मां को बेरहमी से पीटा, जबकि बच्चे डर के मारे सहमे हुए कोने में बैठे रहे।

मामले की गंभीरता को देखते हुए मणिपुर पुलिस और साइबर सेल की संयुक्त टीम आरोपी की तलाश में जुट गई। पुलिस ने आरोपी प्रदीप अगरिया को डैम के पास गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ हत्या सहित अन्य गंभीर धाराओं में मामला दर्ज कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।

(सीजी टॉकिज) :- रायगढ़ जिले के पूंजीपथरा थाना क्षेत्र अंतर्गत जंगल में मिली जूनियर महिला अधिवक्ता आराधना सिदार की क्षत-विक्षत लाश की गुत्थी पुलिस ने सुलझा ली है। इस सनसनीखेज हत्याकांड में पुलिस ने मृतका के शादीशुदा प्रेमी लोकनाथ पटेल को गिरफ्तार किया है। आरोपी ने शादी का दबाव बढ़ने पर सुनसान जंगल में ले जाकर पहले प्रेमिका का गला दबाया, फिर पत्थर और चाकू से बेरहमी से हत्या कर दी। हत्या के बाद उसने मृतका के मोबाइल से उसकी आवाज में परिजनों और सहेलियों से बात कर पुलिस को गुमराह करने की कोशिश भी की।
पुलिस के मुताबिक सक्ति जिले के चारपारा गांव निवासी 30 वर्षीय लोकनाथ पटेल की पहचान सोशल मीडिया के जरिए लैलूंगा निवासी जूनियर महिला वकील आराधना सिदार से हुई थी। दोनों के बीच बातचीत बढ़ी और रिश्ता प्रेम संबंध में बदल गया। लोकनाथ पहले से शादीशुदा था, लेकिन उसने यह बात आराधना से छिपाकर रखी। मामला तब बिगड़ा जब आरोपी की पत्नी की फेसबुक डीपी देखकर आराधना को उसके शादीशुदा होने का पता चला। इसके बाद दोनों के बीच विवाद बढ़ गया और आराधना लगातार शादी का दबाव बनाने लगी।
पुलिस पूछताछ में आरोपी ने कबूल किया कि उसने आराधना को रास्ते से हटाने की योजना पहले ही बना ली थी। 10 मई को वह आराधना को बाइक से सक्ति लेकर गया। दोनों ने दमाउधारा मंदिर घूमने के बाद एक लॉज में कमरा लिया, जहां आरोपी ने फर्जी नाम से पति-पत्नी बनकर एंट्री की। इसी दौरान उसने बाजार से पीले हैंडल वाला चाकू खरीदा।
अगली सुबह आरोपी आराधना को तुमीडीह जंगल ले गया। वहां प्यार का झांसा देकर जंगल के भीतर ले जाकर पहले उसका गला दबाया। बेसुध होने के बाद पत्थर से सिर और चेहरे पर कई वार किए और फिर चाकू से गला रेत दिया। हत्या के बाद आरोपी ने शव के कपड़े उतार दिए, उसे पत्थरों से दबाया और सैंडल दूर फेंक दिए।
पुलिस के अनुसार आरोपी को मृतका के मोबाइल और फोन-पे का पासवर्ड पता था। शक से बचने के लिए उसने हत्या के बाद मृतका के मोबाइल से उसकी बहन और सहेलियों को लड़की की आवाज में कॉल किया। बाद में मोबाइल तोड़कर फेंक दिया।
12 मई को जंगल में महिला की अर्धनग्न लाश मिलने के बाद पूरे जिले में सनसनी फैल गई थी। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज, बाइक नंबर और मोबाइल लोकेशन के आधार पर आरोपी को गिरफ्तार किया। पूछताछ में पहले वह पुलिस को गुमराह करता रहा, लेकिन सख्ती से पूछताछ में टूट गया और पूरा जुर्म कबूल कर लिया। पुलिस ने आरोपी को न्यायालय में पेश कर जेल भेज दिया है।