(सीजी टॉकिज) :- कोपरा एनीकट में बाढ़ के दौरान पैरी नदी के तेज बहाव में बहकर लापता हुए व्यक्ति का शव आखिरकार चार दिन बाद मंगलवार को नदी के बीच झाड़ियों और मलबे के बीच फंसा मिला। पानी का जलस्तर कम होने के बाद नदी के बीच टीलेनुमा हिस्से में शव दिखाई दिया, जिसके बाद ग्राम तर्रा के ग्रामीणों को इसकी जानकारी हुई। शव मिलने की खबर फैलते ही इलाके में सनसनी फैल गई और मौके पर लोगों की भीड़ जुट गई।
जानकारी के अनुसार, बीते शुक्रवार को एक व्यक्ति कोपरा स्थित पैरी नदी पर बने एनीकट को पार करने की कोशिश कर रहा था। इसी दौरान अचानक वह नदी की तेज धार की चपेट में आ गया। पानी का बहाव इतना तेज था कि देखते ही देखते वह नदी में बह गया और फिर दिखाई नहीं दिया। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, नदी में बहने से पहले युवक ने आसपास मौजूद लोगों से मदद की गुहार भी लगाई थी, लेकिन तेज बहाव के कारण उसे बचाया नहीं जा सका।
झाड़ियों में मिला शव
घटना के बाद पुलिस और SDRF की टीम ने रेस्क्यू अभियान शुरू किया था। नदी में लगातार तेज बहाव और बढ़े हुए जलस्तर के कारण तलाश अभियान में काफी दिक्कतें आ रही थीं। पिछले कई दिनों से नदी और उसके आसपास के इलाकों में लापता व्यक्ति की तलाश की जा रही थी। मंगलवार को पानी का स्तर कुछ कम हुआ तो ग्राम तर्रा के पास नदी के बीच झाड़ियों और मलबे में एक शव फंसा हुआ दिखाई दिया। घटना की जानकारी पुलिस को दी गई।
बताया जा रहा है कि शव नदी के बीच टीलेनुमा हिस्से में घास-झाड़ियों और मलबे के बीच फंसा हुआ है। मौके तक पहुंचने के लिए अभी भी करीब कमर तक पानी पार करना पड़ रहा है। शव काफी समय से पानी में पड़े होने के कारण उसकी हालत खराब हो गई है और उसमें काला और कीड़े पड़ चुके हैं।
पुलिस टीम मौके के लिए रवाना
शव मिलने की सूचना के बाद पांडुका पुलिस की टीम मौके के लिए रवाना हो गई है। पुलिस का कहना है कि शव को बाहर निकालने के साथ ही संबंधित व्यक्ति की शिनाख्त और आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है। फिलहाल पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि बरामद शव उसी व्यक्ति का है जो शुक्रवार को पैरी नदी में बहा था या किसी अन्य व्यक्ति का। शिनाख्त और जांच के बाद ही पूरे मामले की स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।









घटना की सूचना मिलते ही गरियाबंद जिले के पाण्डुका थाना और धमतरी जिले के मगरलोड थाना की पुलिस टीम मौके पर पहुंची। पुलिस एवं प्रशासन की टीम ने स्थानीय ग्रामीणों की मदद से युवक की तलाश शुरू कराई। कुछ देर बाद SDRF की टीम भी मौके पर पहुंची और रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया गया। टीम द्वारा पैरी नदी में युवक की तलाश की जा रही है। हालांकि नदी में तेज बहाव और बढ़े हुए जलस्तर के कारण रेस्क्यू अभियान में काफी मुश्किलें आ रही हैं।
आग की गंभीर स्थिति को देखते हुए गरियाबंद फायर ब्रिगेड को भी सूचना दी गई। फायर ब्रिगेड की टीम मौके के लिए रवाना हो गई और मालगांव तक पहुंच चुकी थी। इसी दौरान स्थानीय स्तर पर आग पर काबू पाने की सूचना मिलने के बाद दमकल वाहन को वापस भेज दिया गया। घर में मौजूद बोर मशीन के पानी और पड़ोसियों की मदद से आग पर काबू पाया गया। हालांकि तब तक कार काफी हद तक जल चुकी थी।
फिलहाल कार में आग कैसे लगी, इसे लेकर स्थिति स्पष्ट नहीं है। घटना के बाद पाण्डुका पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। आग दुर्घटनावश लगी या किसी ने जानबूझकर वाहन को निशाना बनाया, यह पुलिस जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा।



जानकारी के अनुसार मानिकचौरी के रेलवे क्रासिंग के पास शुक्रवार रात युवक का खून से लथपथ शव मिला। घटना की सूचना पर पुलिस की टीम मौके पर पहुंची और आवश्यक कार्रवाई के बाद पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया। मृतक की पहचान अभनपुर क्षेत्र के ग्राम गातापार निवासी देवाराम साहू पिता स्वर्गीय जुगराम साहू (48 वर्ष) के रूप में हुई है।
घटना रात की होने के कारण पुलिस के सामने कई अहम सवाल हैं। देवाराम साहू वहां कैसे पहुंचे? उनकी मौत किस परिस्थिति में हुई? क्या वे किसी हादसे का शिकार हुए या किसी ने उन्हें निशाना बनाया? घटनास्थल के पास ही मृतक की बाइक बरामद होने की बात भी सामने आई है। मृतक के शरीर पर मिले चोट के निशानों ने मामले को और गंभीर बना दिया है।






