(सीजी टॉकिज) अभनपुर :- सरदार वल्लभभाई पटेल की 150वीं जयंती के अवसर पर अभनपुर पुलिस ने न्याय संहिता अभियान के तहत एक विशेष जागरूकता कार्यक्रम आयोजित कर विद्यार्थियों को कानून, साइबर सुरक्षा, महिला सुरक्षा और यातायात नियमों की महत्वपूर्ण जानकारी दी। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
यह कार्यक्रम श्री बजरंग दास शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय अभनपुर में आयोजित किया गया, जिसमें विद्यालय की प्राचार्य श्रीमती जानकी साहू सहित शिक्षकगण उपस्थित रहे। थाना अभनपुर की ओर से उप निरीक्षक दीपक कुमार साहू, प्रशिक्षु उप निरीक्षक विमल खरे, प्रशिक्षु उप निरीक्षक कौशिल्या गोंड, आरक्षक मधुसूदन सिन्हा तथा महिला आरक्षक प्रतिमा वर्मा ने विद्यार्थियों को विभिन्न कानूनी विषयों पर विस्तार से जानकारी दी।
पुलिस अधिकारियों ने कक्षा 9वीं से 12वीं तक के छात्र-छात्राओं को महिला संबंधी अपराधों की रोकथाम, साइबर अपराधों के बढ़ते खतरे और उनसे बचाव के प्रभावी उपायों के बारे में जागरूक किया। साथ ही सड़क सुरक्षा, यातायात नियमों का पालन और जिम्मेदार नागरिक के रूप में अपने कर्तव्यों पर भी विस्तार से चर्चा की गई।
कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों से संवाद करते हुए पुलिस अधिकारियों ने उन्हें सोशल मीडिया का सुरक्षित उपयोग करने, ऑनलाइन ठगी से बचने, कानून का सम्मान करने और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की तत्काल पुलिस को सूचना देने की अपील की।
पुलिस अधिकारियों ने कहा कि ऐसे जागरूकता कार्यक्रमों का उद्देश्य केवल कानून की जानकारी देना नहीं, बल्कि युवाओं में जिम्मेदारी, सतर्कता और सामाजिक सुरक्षा के प्रति सकारात्मक सोच विकसित करना भी है। कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों ने विभिन्न विषयों पर सवाल पूछे, जिनका अधिकारियों ने सरल और व्यवहारिक तरीके से जवाब दिया।






यहां जीत सिंग के निवास पर दोपहर भोज के पश्चात पत्रकारों से चर्चा करते हुए उन्होंने राज्य सरकार की कार्यशैली पर कई गंभीर सवाल खड़े किए। महंगाई, किसानों की बदहाल स्थिति, बढ़ते अपराध और अवैध रेत उत्खनन जैसे मुद्दों पर उन्होंने सरकार को आड़े हाथों लेते हुए कहा कि प्रदेश में जनता हर मोर्चे पर परेशान है, लेकिन सरकार सिर्फ दावे और प्रचार में व्यस्त है।
भूपेश बघेल ने कहा कि भाजपा सरकार जनता के मूलभूत मुद्दों से पूरी तरह भटक चुकी है। महंगाई, बेरोजगारी, किसानों की परेशानियां और कानून-व्यवस्था जैसे गंभीर विषयों पर सरकार की चुप्पी उसकी विफलता को उजागर करती है। उन्होंने दावा किया कि प्रदेश की जनता सब देख रही है और आने वाले समय में इसका जवाब लोकतांत्रिक तरीके से देगी।





ग्रामीणों का आरोप है कि रेत माफिया गांव के निस्तारी तालाब को पाटकर वहां बड़े पैमाने पर अवैध रेत का भंडारण कर रहे हैं। ग्राम पंचायत की ओर से लगातार शिकायतें दर्ज कराई गईं, लेकिन संबंधित विभागों ने कोई ठोस कार्रवाई नहीं की। इससे नाराज ग्रामीणों ने सड़क पर उतरकर शासन-प्रशासन के खिलाफ मोर्चा खोल दिया।
ग्रामीणों का आरोप है कि चक्काजाम समाप्त होने के कुछ समय बाद अवैध रेत कारोबार से जुड़े लोगों ने सरपंच पति को घेरकर मारपीट की। बीच-बचाव करने पहुंचीं महिला सरपंच कमलेश्वरी संतोष जलक्षत्री को भी चोटें आईं। घटना के बाद डरे-सहमे सरपंच अपने पति और परिवार के साथ आरंग थाना पहुंचे और आरोपियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की मांग करते हुए शिकायत दर्ज कराई है।
मारपीट की घटना के बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। पीड़ित पक्ष के बयान दर्ज किए जा रहे हैं तथा घटना में शामिल आरोपियों की पहचान कर उनके विरुद्ध वैधानिक कार्रवाई की प्रक्रिया जारी है। वहीं अवैध रेत उत्खनन और भंडारण से जुड़े आरोपों की भी जांच की जा रही है।


