(सीजी टॉकिज) राजिम:- राजिम विधानसभा क्षेत्र में चल रहे विकास कार्यों की प्रगति और आगामी योजनाओं की समीक्षा के लिए विधायक रोहित साहू ने स्थानीय विश्राम गृह में विभिन्न विभागों के अधिकारियों की उच्चस्तरीय बैठक ली। बैठक में लोक निर्माण विभाग, वन विभाग, राजस्व विभाग, सेतु निगम और विद्युत सहित अन्य विभागों के वरिष्ठ अधिकारी शामिल हुए। विधायक ने सभी विभागों को विकास कार्यों को समयबद्ध, गुणवत्तापूर्ण और प्रभावी तरीके से पूरा करने के निर्देश दिए।
पर्यटन स्थलों के विकास पर विशेष जोर
बैठक में क्षेत्र की सांस्कृतिक और प्राकृतिक धरोहरों को पर्यटन के लिहाज से विकसित करने पर विस्तृत चर्चा हुई। विधायक रोहित साहू ने जतमई-घटारानी, झरझरा और चिंगरापगार जैसे प्रमुख धार्मिक एवं पर्यटन स्थलों पर पर्यटकों के लिए बेहतर सड़क, सुरक्षा और मूलभूत सुविधाओं के विस्तार की कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि इन स्थलों के विकास से पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा और स्थानीय लोगों को रोजगार के नए अवसर भी मिलेंगे।
समीक्षा बैठक के दौरान विधायक ने विभिन्न विभागों द्वारा संचालित निर्माण कार्यों की प्रगति रिपोर्ट की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि सभी परियोजनाओं में गुणवत्ता से कोई समझौता न किया जाए और निर्धारित समय-सीमा के भीतर कार्य पूर्ण कर आम जनता को शीघ्र लाभ पहुंचाया जाए।
विधायक रोहित साहू ने राजस्व विभाग को नामांतरण, सीमांकन एवं अन्य राजस्व प्रकरणों का त्वरित निराकरण करने के निर्देश दिए। वहीं विद्युत विभाग को बिजली आपूर्ति से जुड़ी शिकायतों का तत्काल समाधान सुनिश्चित करने को कहा, ताकि आम नागरिकों को अनावश्यक परेशानियों का सामना न करना पड़े।
जनसेवा और सुशासन सरकार की प्राथमिकता
बैठक के अंत में विधायक रोहित साहू ने कहा कि प्रदेश की भाजपा सरकार जनसेवा, सुशासन और क्षेत्र के समग्र विकास के संकल्प के साथ कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि सरकार की योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे, इसके लिए जनप्रतिनिधियों और प्रशासनिक अधिकारियों के बीच बेहतर समन्वय आवश्यक है।
बैठक में अधिकारियों ने विभिन्न परियोजनाओं की वर्तमान स्थिति की जानकारी देते हुए सभी निर्देशों का पालन करने का आश्वासन दिया। इस अवसर पर नगर पालिका अध्यक्ष महेश यादव, डीएफओ शशिकानंदन के., एसडीएम विशाल महाराणा, लोक निर्माण विभाग के कार्यपालन अभियंता रामेश्वर प्रसाद सिंह सहित सेतु निगम, विद्युत एवं वन विभाग के अधिकारी उपस्थित रहे।





