Big Breking:- महादेव सट्टे में बड़ा मोड़, सट्टे के संचालन में जर्मन नागरिक का बड़ा हाथ
रायपुर: विभिन्न देशों में महादेव ऑनलाइन बुक गेमिंग-सट्टेबाजी ऐप के साथ-साथ कई अन्य सट्टा ऐप के संचालन को बनाने के लिए एक जर्मन नागरिक जिम्मेदार है। बता दे की ED इस मामले मे प्रमोटरों से जुड़े सभी एंगल को बारीकी से जाँच कर रही है। जानकारी के अनुसार मुख्य सट्टा किंग को छुपाने के लिए साजिश के तहत कुछ प्यादों को फसाया गया है जो इस पुरे मामले मे छोटे स्तर के लोग है। जिनका नाम सामने कर खुद को पाक साफ कर सट्टा किंग गिरीश तलरेजा और रातनलाल जैन देश छोड़ कर भागने की तैयारी मे थे। लेकिन समय रहते ईडी ने इनके मसूबे पर पानी फेर दिया और सट्टा किंग और महादेव सट्टे का मेन ऑपरेटर गिरीश तलरेजा को भोपाल से गिरफ्तार कर लिया गया। वही रतनलाल की फरार है। सट्टे मे जिस मुख्य विदेशी आका की भी जानकारी निकल कर सामने आ रही है।
ये जर्मन नागरिक बताया जा रहा है। जो न केवल ऐप की प्रोग्रामिंग का मास्टरमाइंड है,बल्कि महादेव सट्टे के प्रमुख प्रमोटरों में से एक है।
ईडी वर्तमान में जर्मन नागरिक को उसके गृह देश और अन्य विदेशी संस्थाओं में धन के हस्तांतरण की जांच कर रही है । ईडी सूत्रों के मुताबिक, महादेव ग्रुप तीन स्तरों पर काम करता है। पहली परत में ऐसे डेवलपर्स शामिल हैं जिन्होंने स्थानीय जरूरतों के आधार पर गेमिंग-सट्टेबाजी कार्यक्रम बनाया, यह सुनिश्चित करते हुए कि कुल एकत्रित धन का 40% ऐप का उपयोग करने वाले विजेता खिलाड़ियों-उपयोगकर्ताओं को दिया जाता है, जबकि शेष 60% लाभ के रूप में महादेव के प्रमोटरो को जाता है।
दूसरी परत में गिरीश तलरेजा और रातनलाल जैन जैसे व्यक्ति शामिल हैं , जो ऐप और समूह के संचालन का प्रबंधन करते हैं। वे हवाला और शेल कंपनियों के माध्यम से धन के संग्रह और हस्तांतरण का काम करते हैं। तीसरी परत में पैनल ऑपरेटर शामिल होते हैं जो जमीन पर समूह का संचालन चलाते हैं। वे उपयोगकर्ताओं को दांव लगाने और गेम खेलने के लिए ऑनलाइन लिंक प्रदान करते हैं, उपयोगकर्ताओं से ऑनलाइन पैसे इकट्ठा करते हैं और फिर इसे लेयरिंग के लिए दूसरी परत पर भेज देते हैं। समूह के खिलाफ हाल ही में की गई कार्रवाइयों के बावजूद, संचालन जारी है, पैनल संचालक उपयोगकर्ताओं से पैसा इकट्ठा करने के बाद नगदी निकाल कर इसे दुबई भेज रहे है।
फिलहाल मामले मे गिरीश तलरेजा अभी ईडी की गिरफ्त मे है। जिससे ईडी द्वारा कड़ाई से पूछताछ जारी है। जल्द ही इस पुरे मामले मे बड़ी जानकारी निकल कर सामने आ सकती है। जानकारी के मुताबिक यही जर्मन नागरिक इस पुरे सट्टे के सचालन का मास्टरमाइंड है। जिसे गिरीश तलरेजा और रातनलाल जैन अपना आका मानते है।